*यादव समाज ने पेश की मानवता की मिसाल*
*गरीब परिवार पर था ₹2.70 लाख का अस्पताल बिल, रमेश यदु, उमेश यादव,मनोज यादव के अथक प्रयास से माफ हुआ पूरा खर्च; सम्मानपूर्वक गृह ग्राम भेजा गया शव*
*रायपुर। मानवता, सेवा और सामाजिक एकजुटता की एक मिसाल रायपुर में देखने को मिली, जहां देवभोग ब्लॉक के ग्राम कुमड़ीकला निवासी लीलाम्बर यादव के निधन के बाद यादव समाज के लोगों ने आगे बढ़कर उनके परिवार की मदद की।*
*प्राप्त जानकारी के अनुसार लीलाम्बर यादव का विगत दिनों सड़क दुर्घटना में घायल होने के बाद उपचार के लिए रायपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था।उपचार के दौरान सोमवार की मध्यरात्रि उन्होंने जीवन के लिए संघर्ष करते हुए अंतिम सांस ली। उनके निधन की सूचना मिलते ही यादव समाज के लोगों को जब इसकी जानकारी मिली कि समाज का एक व्यक्ति गंभीर अवस्था में अस्पताल में भर्ती है, तो समाज के लोग तत्काल अस्पताल पहुंचे और परिवार की मदद के लिए हरसंभव प्रयास शुरू किया।*
*समाजजनों ने लीलाम्बर यादव का आयुष्मान कार्ड बनवाकर उपचार का लाभ दिलाने का प्रयास किया, लेकिन आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन द्वारा आयुष्मान कार्ड के माध्यम से उपचार नहीं किया गया और उपचार के नाम पर परिवार को लगभग ₹2 लाख 70 हजार का बिल थमा दिया गया। इससे पहले भी उपचार के दौरान परिवार से अलग-अलग मदों में राशि ली जा चुकी थी।*
*आर्थिक रूप से कमजोर परिवार के सामने इतनी बड़ी राशि जमा करना बड़ी चुनौती बन गया। परिवार द्वारा असमर्थता जताए जाने के बाद शव सौंपने को लेकर भी स्थिति तनावपूर्ण हो गई। इस दौरान समाज के लोगों ने अस्पताल प्रबंधन से बातचीत करते हुए मानवीय दृष्टिकोण अपनाने तथा गरीब परिवार की परिस्थिति को समझने की अपील की।*
*समाजजनों के प्रयास, शासन-प्रशासन के सहयोग और लगातार बातचीत के बाद ₹2 लाख 70 हजार की राशि माफ कराई गई। इसके बाद लीलाम्बर यादव का शव परिजनों को सौंपा गया। आवश्यक प्रक्रिया एवं पोस्टमार्टम के बाद समाजजनों की उपस्थिति में पूरे सम्मान के साथ शव को उनके गृह ग्राम कुमड़ीकला रवाना किया गया।**इस पूरे घटनाक्रम में सर्व यादव समाज छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष रमेश यदु, समाजसेवी उमेश यादव, मनोज यादव, प्रदेश संगठन मंत्री अभिमन्यु यादव, जिलाध्यक्ष गजानंद यादव, प्रवक्ता मीत यादव, कोषाध्यक्ष गुलेश्वर यादव, संजू यादव, नरेश यादव एवं राज यादव विशेष रूप से उपस्थित रहे और परिवार के साथ खड़े रहे* l
*समाज के लोगों ने कहा कि यह केवल आर्थिक सहायता का विषय नहीं था, बल्कि संकट की घड़ी में एक परिवार के साथ खड़े होने और मानवता का परिचय देने का प्रयास था। समाजजनों ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने सदैव प्रेम, करुणा, सेवा और मानवता का मार्ग दिखाया है।*
*उसी सेवा भावना को अपने जीवन में उतारते हुए यादव समाज ने जरूरतमंद परिवार की मदद कर सामाजिक एकजुटता और मानवता की मिसाल पेश की है।*
*इस नेक पहल के लिए समाज के लोगों ने सभी सहयोगियों एवं सेवाभावी समाजजनों को बधाई और शुभकामनाएं दीं।*

