श्राद्ध पक्ष की नवमी तिथि मातृ नवमी के रूप मे मनायी जाती है। नारायणी साहित्य अकादमी की प्रांतीय अध्यक्ष डा श्रीमती मृणालिका ओझा एवं चरामेति फाउंडेशन के प्रांतीय सचिव राजेंद्र ओझा ने अपनी स्वर्गीया माताजी श्रीमती गायत्री देवी सुंदर झा एवं श्रीमती जसवंती बेन जयंती लाल ओझा की पुण्य स्मृति में सुबह जहां मजदूर परिवारों के बच्चों को जरूरत के अनुसार कापियां एवं अन्य लेखन सामग्री प्रदान की वहीं रात में टाटीबंध, रायपुर स्थित एम्स अस्पताल में भर्ती मरीजों के परिजनों की सुविधा हेतु श्री राधा कृष्ण मंदिर के प्रांगण में चरामेति फाउंडेशन द्वारा निःशुल्क रूप से चलाई जा रही तृप्तांजली भोज सेवा में भोजन भी करवाया जाएगा। ज्ञातव्य है कि 14 जनवरी 2018 से प्रारंभ की गई इस भोज सेवा से प्रतिदिन औसतन डेढ़ सौ लोग लाभान्वित हो रहे हैं।
Afroj khwaja नारायणी साहित्य अकादमी द्वारा मातृ् नवमी श्राद्ध के दिन शिक्षा सेवा और जरूरतमंद लोगों को भर पेट भोजन भी*

