मानवता की मिसाल: अपाहिज वृद्ध को परिवार से मिलाया, भोजन और इलाज की जिम्मेदारी भी उठाई
कांकेर। इंसानियत और सेवा का एक प्रेरणादायक उदाहरण उस समय देखने को मिला जब समाजसेवी संस्था “जन सहयोग” ने सड़क पर घिसटते हुए जा रहे एक अपाहिज वृद्ध की सहायता कर न केवल उसे सुरक्षित उसके घर तक पहुंचाया, बल्कि भोजन, आर्थिक सहयोग और इलाज का भरोसा देकर उसके परिवार के चेहरे पर फिर से मुस्कान लौटा दी। संस्था की इस संवेदनशील पहल की पूरे क्षेत्र में सराहना हो रही है।
वरिष्ठ पत्रकार की सूचना पर तत्काल सक्रिय हुई जन सहयोग की टीम
जानकारी के अनुसार वरिष्ठ पत्रकार वीरेंद्र यादव ने समाजसेवी संस्था “जन सहयोग” के अध्यक्ष अजय पप्पू मोटवानी को फोन कर सूचना दी कि नेशनल हाईवे जैसी व्यस्त सड़क पर एक वृद्ध अपाहिज व्यक्ति घिसटते हुए आगे बढ़ रहा है। सड़क पर बड़ी संख्या में लोग आ-जा रहे थे, लेकिन अधिकांश लोग केवल तमाशबीन बने हुए थे। कुछ लोगों ने दया दिखाते हुए उसे भीख के रूप में पैसे दिए, लेकिन किसी ने उसकी वास्तविक समस्या जानने या सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने का प्रयास नहीं किया। सूचना मिलते ही अजय पप्पू मोटवानी ने बिना समय गंवाए अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचकर वृद्ध की सहायता शुरू कर दी।
संतू मंडावी की पहचान कर परिवार तक पहुंचाया
मौके पर पहुंचने के बाद टीम ने वृद्ध से बातचीत की, जिसमें उसने अपना नाम संतू मंडावी बताया। उसने बताया कि वह कांकेर शहर के अघन नगर स्थित झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्र में रहता है। कुछ दिनों पहले वह घर से निकल गया था और उसके बाद से परिवार को उसके बारे में कोई जानकारी नहीं मिल सकी थी। काफी तलाश के बावजूद उसका कोई पता नहीं चल पाया था। आज पत्रकार वीरेंद्र यादव की सतर्कता और जन सहयोग संस्था की त्वरित पहल के कारण संतू मंडावी का पता चल सका। इसके बाद अजय पप्पू मोटवानी स्वयं उसे मोटरसाइकिल पर बैठाकर उसके बताए हुए पते पर पहुंचे, जहां लंबे समय बाद उसकी अपने परिवार से भावुक मुलाकात हुई।
भोजन, आर्थिक सहायता और इलाज का दिया भरोसा
घर पहुंचने के बाद संस्था ने सबसे पहले संतू मंडावी के भोजन की व्यवस्था कराई। इसके साथ ही उसके इलाज के लिए तत्काल आर्थिक सहायता भी प्रदान की गई। अजय पप्पू मोटवानी ने परिवार को भरोसा दिलाया कि भविष्य में उपचार के लिए जो भी आवश्यक खर्च आएगा, उसमें भी संस्था पूरा सहयोग करेगी। उन्होंने कहा कि किसी भी जरूरत की स्थिति में संस्था हर समय परिवार के साथ खड़ी रहेगी।
वृद्ध से लिया स्वास्थ्य और नशामुक्ति का संकल्प
अजय पप्पू मोटवानी ने संतू मंडावी से मुलाकात के दौरान उन्हें स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी। उन्होंने संतू से वचन लिया कि वह कम से कम सात दिनों तक पूर्ण रूप से आराम करेंगे और किसी भी प्रकार का नशा नहीं करेंगे। उन्होंने समझाया कि नियमित इलाज, पौष्टिक भोजन और नशामुक्त जीवन से ही स्वास्थ्य में सुधार संभव है। संस्था ने यह भी आश्वासन दिया कि यदि भविष्य में किसी प्रकार की चिकित्सकीय आवश्यकता होगी तो टीम स्वयं उनके घर पहुंचकर हरसंभव मदद करेगी।
सेवा भावना से प्रभावित हुए मोहल्लेवासी, जन सहयोग की सराहना
जब जन सहयोग की टीम ने संतू मंडावी को सुरक्षित घर पहुंचाकर हरसंभव सहायता प्रदान की तो आसपास के लोगों ने संस्था की सेवा भावना की खुलकर प्रशंसा की। मोहल्ले के लोगों ने कहा कि आज के समय में जहां लोग अक्सर जरूरतमंदों को नजरअंदाज कर आगे बढ़ जाते हैं, वहीं जन सहयोग ने मानवता का सच्चा परिचय दिया है। संतू मंडावी के परिजनों ने भी संस्था और उसके सभी सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यदि समय पर यह सहायता नहीं मिलती तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी। जन सहयोग की इस पहल ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि समाज में संवेदनशील लोग आज भी मौजूद हैं, जो निस्वार्थ भाव से जरूरतमंदों की सेवा कर मानवता को जीवंत बनाए हुए हैं।

