वार्डो का परिसीमन आ गया है,सभी पार्षद दावेदार सजग एवम सक्रिय हो जाये,
वार्डो में बहुत से परिवर्तन भी हुए है।
परिसीमन पश्चात् आसपास के लगे हुए क्षेत्रों की सीमाओं पर दृष्टि डालें तो जोन अध्यक्ष डॉ.प्रमोद साहू “किंग मेकर” की भूमिका में उभरकर सामने आये है।
चाहे उनका पुराना क्षेत्र कालीमाता वार्ड हो या वर्तमान क्षेत्र महात्मा गाँधी वार्ड हो,उससे लगा हुआ गुरुगोविंद सिंग वार्ड हो जिसमें तत्कालीन कालीमाता वार्ड क्षेत्र के लगभग चार हज़ार से ज़्यादा मतदाता निवासरत है जो आज भी हर छोटी बड़ी मूलभूत समस्याओं के लिये उन्हें याद करते है,इसके पश्चात् हेमूकालाणी वार्ड जिसमें वर्तमान परिसीमन के बाद उनके महात्मा गाँधी वार्ड की लगभग आधी आबादी जुड़ गई है उसमें भी उनके सत्तर प्रतिशत से अधिक मतदाता समर्थक है।
इस तरह अगर देखा जाये तो लगभग चार वार्डों के सत्तर प्रतिशत से अधिक मतदाता क्षेत्रों में उनका व्यक्तिगत प्रभाव एवं छवि का असर साफ़ तौर पर देखा जा सकता है,और इससे पार्टी एवं संगठन को लाभ भी होगा,ऐसे में उनके इस क्षेत्र के वार्डों में प्रत्याशी चयन में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका को नज़रअन्दाज़ नहीं किया जा सकता।
वार्डो का परिसीमन आ गया है,सभी पार्षद दावेदार सजग एवम सक्रिय हो जाये प्रमोद साहू जोन अध्यक्ष

