छत्तीसगढ़ की 2 करोड़ 80 लाख जनता ही मेरी सरकार के काम की ब्रांड एम्बेसडर -मुख्यमंत्री भूपेश बघेल,
मुख्यमंत्री बघेल ने ‘माटी के मितान’ पुस्तक का किया विमोचन,
रायपुर,मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने अपने निवास कार्यालय में जैन संवेदना ट्रस्ट, रायपुर द्वारा प्रकाशित पुस्तक ‘माटी के मितान’ का विमोचन किया। इसके लेखक महेन्द्र कोचर और विजय चोपड़ा हैं। मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार द्वारा जनहित में संचालित योजनाओं को समाहित करते हुए इस पुस्तक के प्रकाशन पर दोनों लेखकों को बधाई एवं शुभकामनाएं दी।
मुख्यमंत्री बघेल ने इस अवसर पर कहा कि सेवा कार्यों के लिए प्रचार प्रसार की जरूरत नही होती जैसे सेवा भावी संस्थाएं कार्य करती है , समय लगाती है पैसा श्रम लगाती है , अपने लोगों के ही ताने सुनती है , फिर भी काम में लगी रहती है उसी तर्ज पर मेरी सरकार छत्तीसगढ़ की जनता की सेवा में कार्य कर रही है , प्रदेश की दो करोड़ अस्सी लाख जनता ही मेरे सरकार के कार्यों की ब्रांड एम्बेसडर है । राज्य सरकार छत्तीसगढ़ में सभी वर्गो के उत्थान के लिए निरंतर कार्य कर रही है। इसमें किसान, मजदूर, व्यापारी और आदिवासी तथा कमजोर वर्ग सहित सभी लोगों को आगे बढ़ने का भरपूर अवसर मिलने लगा है। इस दौरान लेखक द्वय महेन्द्र कोचर व विजय चोपड़ा ने कहा कि आज छत्तीसगढ़िया स्वाभिमान के साथ स्वालंबन का छत्तीसगढ़ मॉडल देश और दुनिया में चर्चा का केन्द्र बना हुआ है। मुख्यमंत्री बघेल ने जनहित में क्रांतिकारी कदम उठाते हुए महात्मा गांधी की अवधारणा ग्राम और ग्रामीण केन्द्रित अर्थव्यवस्था को मूर्त रूप देने जो कदम उठाए वह साकार होने लगा है। इस कड़ी में सुराजी गांव भी आकार ले रहा है और गांव-गांव में स्थापित गौठान, ग्रामीण अर्थव्यवस्था के जीवंत केन्द्र के रूप में उभर रहा है। इस तरह गढ़बो नवा छत्तीसगढ़ का सपना साकार होने लगा है। इस अवसर पर राज्य खनिज विकास निगम के अध्यक्ष गिरीश देवांगन, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम के अध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल महेन्द्र कोचर , विजय चोपड़ा , डॉ राकेश गुप्ता ,सी ए संतोष गोलेच्छा , सुपारस गोलेच्छा , तिलोक बरडिया , गजराज पगारिया , हरख मालू , हरीश डागा , सुरेश भंसाली , विवेक डागा , मनीष डागा , मुकेश शाह प्रशांत तालेड़ा , महावीर कोचर , गौरव कोचर , प्रेम बोरड , प्रकाश पुजारा , सुनील खेमका , राजीव गुप्ता , दिलीप मेहता , गौतम लोढ़ा की गरिमामय उपस्थित में कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।

