बिलासपुर – मामला कोटा ब्लाक अंतर्गत ग्राम पंचायत भैसाझार के आश्रित ग्राम बछाली खुर्द का है जहाँ का एक कोटवार मुख्यमंत्री , पंचायत मंत्री ,सांसद ,विधायक कलेक्टर ,अनुविभागीय अधिकारी एवं न लोक सभा न ग्राम सभा एवम सबसे बड़ी ग्राम सभा के निर्णय से भी भारी पड़ रहा है एक कोटवार को लगभग 7-8 माह से हटवाने लामबन्द है इसको हटवाने ग्राम के प्रस्ताव से लेकर प्रदेश के राजस्व मंत्री की अनुसंशा है।
कोटवार के शिकायत के आधर पर st आयोग ने रतनपुर सर्किट हाउस में भी इसकी सुनवाई की थी उस समय तहसीलदार को भी तलब किया था अनुसूचित जनजाति आयोग उपाध्यक्ष ,सदस्य एवम टीम रतनपुर सुनवाई के लिये पहुची थी उस समय st आयोग के समझ तहसीलदार रतनपुर ने कहा था ग्राम सभा प्रस्ताव और उनकी शिकायत की सबूत गवाह लाकर दीजिये कोटवार को तुरन्त हटाएंगे चुकी ग्रामसभा प्रस्ताव भी हो गया गवाह सबूत भी मिल गए।
उसके बाद भी जिला प्रशासन प्रशासन, ब्लाक प्रशासन द्वारा बछालीखुर्द कोटवार को नही हटवाया जा रहा है जिससे ग्रामीण काफी आक्रोश में है और आंदोलन करने पर मजबूर हो गए हैं क्या है कोटवार पर आरोप बिना पैसा के कोटवार ग्रामीणों की पर्ची नही बनवाता है ,मुवावजे दिलवाने लोगो से 10000 से 20000 रुपये लिया गांव वालो ने पूरा स्टाम्प में लिखके दिए हैं झूठी केश में लोगो फँसवाता है ।

