रायपुर। सत्यनारायण शर्मा ने पूर्व मंत्री डीपी धृतलहरे के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। सत्यनारायण शर्मा ने स्वर्गीय डीपी धृतलहरे के शोक संतप्त परिवारजनों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए उनकी आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की है। डीपी धृतलहरे अविभाजित मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ सरकार में मंत्री रहे है। वे चार बार मारो (नवागढ) विधानसभा से विधायक रहे। डीपी धृतलहरे का रविवार को राजधानी रायपुर के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया।
सत्यनारायण शर्मा ने स्वर्गीय डीपी धृतलहरे जी के विषय मे जानकारी देते हुवे कहा
अजीत जोगी सरकार में धृतलहरे को वन मंत्री बनाया गया था। वो सतनामी समाज के बड़े नेता थे। डीपी धृतलहरे निर्दलीय चुनाव लड़ने के बाद भी छत्तीसगढ़ में कांग्रेस के बहुमत में बनी अजीत जोगी सरकार में मंत्री बने थे. हालांकि उन्होंने विधानसभा चुनाव में कांग्रेस से टिकट मांगी, लेकिन टिकट नहीं मिलने पर वे निर्दलीय चुनाव लड़े और जीते भी थे।
नावागढ़ क्षेत्र के कद्दावर नेता रहे धृतलहरे तीन बार वहीं से विधायक चुने गये थे। बीच में वो अजीत जोगी के साथ जोगी कांग्रेस में चले गये थे, लेकिन बाद में उन्होंने कांग्रेस में वापसी कर ली थी।

