
सप्ताहांत में सरकार विरोधी प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने शनिवार को एक शॉपिंग मॉल के नजदीक मार्च निकालते हुए छोड़ो के नारे लगाए और मांग की कि चीन के व्यवसायी यहां से चले जाएं। हॉन्गकॉन्ग से लगती चीन की सीमा के पास श्योंग शुई में किया गया प्रदर्शन सरकार की आर्थिक गतिविधियों को बाधित करने का दबाव बनाने के प्रयास का हिस्सा था।
प्रस्तावित चीनी प्रत्यर्पण कानून के खिलाफ जून में शुरू हुए प्रदर्शन में अब अधिक लोकतंत्र और अन्य मांगें भी शामिल हो गई है। श्योंग शुई मॉल के पास करीब 100 प्रदर्शनकारियों ने नारे लगाए — ‘हॉन्ग कॉन्ग छोड़ो और मुख्यभूमि लौट जाओ’। सादे कपड़े में पुलिस ने कुछ प्रदर्शनकारियों को पकड़ा और उन्हें हथकड़ियां पहनाईं। एक अधिकारी ने प्रदर्शनकारियों और संवाददाताओं पर मिर्च का स्प्रे किया। कुछ दुकानदारों की मॉल के पास पुलिस से झड़प भी हुई।
कानून को वापस ले लिया गया लेकिन प्रदर्शनकारी क्षेत्र के नेता कैरी लाम का इस्तीफा एवं अन्य बदलाव चाहते हैं। प्रदर्शनकारियों की शिकायत है कि पेइचिंग और लाम की सरकार हॉन्ग कॉन्ग से किए गए स्वायत्ता और पश्चिमी देशों की तरह नागरिक स्वतंत्रता के वादे को समाप्त कर रही है। 1997 में ब्रिटेन का पूर्व उपनिवेश हॉन्ग कॉन्ग जब चीन को सौंपा गया तो उससे स्वायत्ता और पश्चिमी देशों की तरह नागरिक स्वतंत्रता देने के वादे किए गए थे।
श्योंग शुई मॉल में शनिवार को कुछ व्यवसायियों ने छोटे दुकानों के चारों तरफ या दुकानों में आधे बंद सुरक्षा दरवाजों में नारंगी रंग के टेप लपेटे लेकिन अधिकतर व्यवसाय सामान्य रूप से चलते रहे। पुलिस के मुताबिक सोमवार से गुरुवार के बीच कुल 336 लोगों को गिरफ्तार किया गया जिनमें 12 वर्ष तक के बालक भी शामिल हैं। इसके साथ ही छह महीने में गिरफ्तार किए गए कुल प्रदर्शनकारियों की संख्या करीब सात हजार हो गई है।
Source: International

