कश्मीर में सीमा पार से घुसे 135 आतंकवादी

राहुल त्रिपाठी, नई दिल्ली हटने के बाद पाकिस्तान में मौजूद संगठनों के लगभग 135 आतंकवादियों ने कश्मीर में घुसपैठ की है। हालांकि, यह संख्या पिछले वर्ष की तुलना में कम है, जब 143 आतंकवादी कश्मीर में घुसे थे। केंद्र ने 5 अगस्त को जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा हटा दिया था। साथ ही, उसने राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों में बांट दिया गया था। इस कदम पर इमरान खान की अगुवाई वाली पाकिस्तान सरकार ने कड़ी प्रतिक्रिया दी थी और भारत के साथ राजनयिक संबंध कम कर दिए थे। वहीं, विदेश मंत्री एस जयशंकर ने हाल ही में फ्रांस के एक अखबार को दिए इंटरव्यू में कहा था कि पाकिस्तान ने भारत में आतंकवादी भेजने से इनकार नहीं किया है।

घुसपैठ के लिए प्रयोग होनेवाले रास्ते की पहचान
सुरक्षा बलों ने घुसपैठ के लिए इस्तेमाल होने वाले रास्तों की पहचान की है। इन पर सुरक्षा और निगरानी बढ़ाई गई है। नियंत्रण रेखा पर सेना और बीएसएफ के अलावा विलेज डिफेंस कमेटी और पुलिस और आईबी सुरक्षा में लगे हैं। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘घुसपैठ बढ़ने से यह संकेत मिल रहा है कि आतंकवादियों ने कश्मीर में आने के लिए नए रास्ते तैयार किए हैं।’ उनका कहना था कि पाक अधिकृत कश्मीर में लश्कर-ए-तैयबा और जैश ए मोहम्मद के लॉन्च पैड और आतंकवादी कैंप सक्रिय हैं।

पढ़ें : कुछ दिन पहले ही एक आतंकवादी को पुलिस ने मार गिराया
जम्मू और कश्मीर पुलिस ने हाल ही में गंदरबल में खालिद उर्फ जेबरान नाम के एक पाकिस्तानी आतंकवादी को मार दिया था। पुलिस ने बताया कि खालिद लश्कर ए तैयबा से जुड़ा था। एक अधिकारी ने कहा, ‘फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) की ओर से पाकिस्तान का रिव्यू करने के कारण सीमा पार आतंकवादी गतिविधियों में मई से जुलाई के बीच कमी आई थी, लेकिन इसके बाद ये बढ़ गई हैं।’

2018 में सुरक्षा बलों ने मार गिराए 260 आतंकी
सुरक्षा बलों ने 2018 में लगभग 260 आतंकवादियों (स्थानीय और विदेशी दोनों) को मार गिराने का दावा किया था। होम मिनिस्ट्री के अनुसार, पिछले वर्ष आतंकवादियों ने जम्मू और कश्मीर में घुसपैठ की 328 कोशिशें की थी, जिनमें से आधी से अधिक को नाकाम कर दिया गया था।

पढ़ें :2017 से अब तक 400 से अधिक घुसपैठ की कोशिशें
मिनिस्ट्री ने बताया, ‘जम्मू और कश्मीर में मौजूद आतंकवाद सीमा पार से हो रही घुसपैठ से जुड़ा है।’ 2017 में सीमा पार से घुसपैठ की 400 से अधिक कोशिशें हुई थीं और इनमें से 136 सफल रही थीं। 2016 में घुसपैठ की 371 कोशिशों में से 119 सफल थी। आर्टिकल 370 हटने के बाद से कश्मीर में पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला, उमर अब्दुल्ला और महबूबा मुफ्ती सहित बहुत से प्रमुख नेता एहतियात के तौर पर हिरासत में हैं, जबकि अलगाववादियों को घर पर नजरबंद किया गया है।

Source: National

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