कांकेर में निकली भव्य तिरंगा यात्रा
नक्सल मुक्त बस्तर के बाद पहली तिरंगा रैली, देशभक्ति के नारों से गूंजा शहर
नरहरदेव स्कूल से शुरू हुई तिरंगा यात्रा कांकेर। शहर में आज सुबह एक भव्य तिरंगा यात्रा निकाली गई। यात्रा नरहरदेव उच्चतर माध्यमिक विद्यालय से प्रारंभ हुई और हनुमान मंदिर, मस्जिद चौराहा, पुराना बस स्टैंड, गांधी चौक होते हुए मिनी स्टेडियम में समाप्त हुई। रैली के दौरान पूरा शहर तिरंगे और देशभक्ति के नारों से गूंज उठा। बस्तर अंचल के पूर्णतया नक्सलियों से मुक्त होने के बाद यह पहली तिरंगा यात्रा मानी जा रही है।
उपमुख्यमंत्री अरुण साव हुए शामिल तिरंगा यात्रा के मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री अरुण साव थे। अरुण साव उत्तर बस्तर कांकेर जिले के प्रभारी मंत्री भी हैं। उनके नेतृत्व में निकली रैली में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। यात्रा के दौरान “भारत माता की जय” और “झंडा ऊंचा रहे हमारा” जैसे नारे लगाए गए। उपमुख्यमंत्री ने आम नागरिकों और स्कूली बच्चों से मुलाकात कर देशभक्ति का संदेश दिया।
नागरिक, अधिकारी और छात्र-छात्राएं हुए शामिल
देशभक्ति की इस रैली में शहर के नागरिकों के साथ-साथ सरकारी कर्मचारी, अधिकारी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए। हाथों में तिरंगा लेकर सभी ने पूरे उत्साह के साथ यात्रा में भाग लिया। रास्ते भर लोगों ने फूल बरसाकर और जयकारों के साथ रैली का स्वागत किया। स्कूल-कॉलेज के बैंड और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने माहौल को और देशभक्तिमय बना दिया।
सामाजिक संस्थाओं ने भी निभाई भूमिका शहर की सामाजिक संस्था जन सहयोग के अध्यक्ष अजय पप्पू मोटवानी ने भी अपने साथियों के साथ तिरंगा यात्रा में भाग लिया। उन्होंने उपमुख्यमंत्री अरुण साव से सौजन्य मुलाकात भी की। विभिन्न सामाजिक और स्वयंसेवी संगठनों ने यात्रा के आयोजन में सहयोग किया। आयोजकों ने कहा कि इस तरह की रैली से युवाओं में राष्ट्रभक्ति की भावना और मजबूत होगी।
वर्षों बाद दिखा ऐसा नजारा कांकेर शहर में वर्षों बाद इस स्तर की शानदार तिरंगा रैली निकाली गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस यात्रा को लंबे समय तक याद रखा जाएगा। नक्सल मुक्त बस्तर के बाद पहली बार निकली इस रैली ने क्षेत्र में शांति और विकास का संदेश भी दिया। आयोजन समिति ने कहा कि आगे भी इस तरह के कार्यक्रम कर नागरिकों में राष्ट्रीय एकता की भावना को बढ़ावा दिया जाएगा।

