*भारतीय राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस फेडरेशन एक कर्तव्यनिष्ट पार्टी का मुख्य अंग है कांग्रेस सरकार के साथ रहकर स्वतंत्रता निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण योगदान दिया है, यही हमारी आन बान शान है जब तक जिएंगे यही हमारी मुख्य धारा रहेगी: स्वामीनाथ जायसवाल*
*देश।।* 3 मई 1947 की बनी हुई राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस इंटक को बदलकर नया पंजीकरण कराने की क्या जरूरत पड़ी स्वामीनाथ जायसवाल नई दिल्ली प्रेस वार्ता में भारतीय राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस इंटक फेडरेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामीनाथ जायसवाल ने बताया जिस तरह से 3 मई 1947 को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी पंडित जवाहरलाल नेहरू सरदार बल्लभ भाई पटेल ने मजदूरों के हित की रक्षा के लिए एक मजदूर यूनियन का गठन कर मजदूरों की रक्षा के लिए मजदूरों की आवाज के लिए बनाई जिसका नामकरण राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस इंटक था उसमें एकाधिकार कर कर श्री जी संजीवा रेड्डी जो विगत 25 वर्षों से अध्यक्ष पद पर विराजमान है जो 3 मई 1947 की राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस इंटक का बायलॉज बदलकर अपने नीतियों सिद्धांत वाली इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन के नाम से नया रजिस्ट्रेशन नया बायोलॉज 6 फरवरी 2007 को नई दिल्ली जिले से कराया यह दुस्साहस जो कि हमारे वरिष्ठ जनों के सामाजिक परिवर्तन के नाम पर मजदूरों की रक्षा के लिए न्यू रखा गया उस को बदलने की क्या जरूरत था अपने आप में एक सवाल राष्ट्रीय कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री मलिकार्जुन खरगे जी से निरंतर भारतीय राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस फेडरेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामीनाथ जयसवाल कांग्रेस के सभी वरिष्ठ जनों को अवगत कराते रहें किया 3 मई 1947 की बनाई गई संस्था को एक धी करण कर कर अपना बनाने को कोशिश क्यों किया गया इसका जवाब माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष कांग्रेस श्री मलिकार्जुन खरगे साहब को लेना चाहिए और इस संदर्भ में माननीय श्री राहुल गांधी जी को भी स्वामीनाथ जयसवाल द्वारा अवगत कराया गया निरंतर इस बात पर चर्चा करते और सभी श्रमिक संस्थाओं को भी यह मालूम है कि जो 3 मई 1947 की विरासत थी मजदूरों की सबसे बड़ी मजदूर यूनियन उसको खंड खंड में तोड़ने का साजिश कौन किया अब सवाल उठता है प्रश्न संख्या 1. 3 मई 1947 को राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस का गठन किया गया था क्या उस राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस का पंजीकरण अभी निहित है प्रश्न संख्या दो सन 1997 से लेकर 2022 तक राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस के भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के संबद्धता के दिए जाने वाले संबद्धता शुल्क की कुल राशि जो कि लगभग 11 सॉ 55 करोड़ है उसका भुगतान भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का हुआ है या नहीं? यदि हुआ है तो उसका प्रमाण दिया जाए! प्रश्न संख्या तीन भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के उस नियमावली के बारे में प्रमाण सहित जानकारी दी जाए जिसके अंतर्गत राष्ट्रीय कांग्रेस में किसी भी फ्रंटल आर्गेनाइजेशन को अध्यक्ष पद पर कोई एक व्यक्ति पिछले 25 सालों से विराजमान है? प्रश्न संख्या 4 भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस की संबद्धता हुई थी तो अचानक से सन 2007 में राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस के स्थान पर इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन कांग्रेस की संबद्धता भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से किस प्रकार हुई? प्रश्न संख्या 5 भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन कांग्रेस की संबद्धता हुई है क्या यह एक फेडरेशन है? प्रश्न संख्या 6 माननीय सर्वोच्च न्यायालय में इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन कांग्रेस राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस तथा भारतीय राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस फेडरेशन इन तीनों इंटक में से असली वाली इंटक कौन है इस विषय पर अभी भी मामला प्रलंबित है माननीय सर्वोच्च न्यायालय में प्रलंबित मामला होने के बावजूद किस अधिकार से इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन कांग्रेस को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की संबद्धता प्रदान की गई है? भारतीय जनता पार्टी की मजदूर शाखा भारतीय मजदूर संघ के साथ कंधे से कंधा मिलाकर कंसेंट स्थापना करने वाले जी संजीवा रेड्डी को कांग्रेस के फ्रंटल का अध्यक्ष पद पर बहाल करने के पीछे भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री मलिकार्जुन खरगे का क्या मनसा है जो जी संजीवा रेड्डी निरंतर श्री मनमोहन सिंह जी के सरकार में कांग्रेस के खिलाफ सरकार के खिलाफ 10 वर्षों तक संसद से सड़क तक और पूरे देशव्यापी आंदोलन मनमोहन सरकार विरोधी करते रहे आज मोदी सरकार के 9 वर्ष के अंतराल में ऐसा कोई कंसेंट बनाकर देशव्यापी मजदूर हित के लिए कोई धरना प्रदर्शन जी संजीवा रेड्डी जी द्वारा नहीं करना क्या पार्टी में रहकर पार्टी विरोधी कार्य करना उनको सम्मान देना कहां तक उचित है इसी विषय को लेकर स्वामीनाथ जायसवाल ने माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री खरगे जी से निरंतर 34 मुलाकात में चर्चा किए इस चर्चा को आगे बढ़ाने के लिए माननीय अध्यक्ष के निर्देशानुसार मध्य प्रदेश प्रभारी श्री जयप्रकाश अग्रवाल जी से चर्चा करने का पत्र प्राप्त हुआ जो इस विषय पर स्वामीनाथ जायसवाल द्वारा अवगत कराई गई श्री अग्रवाल जी ने बातों को गौर करते हुए विश्वास दिलाया कि आप कांग्रेस के लिए मजबूती से जो कार्य कर रहे हैं मजदूरों की हित की रक्षा के लिए निरंतर आपका काम जो चल रहा है माननीय अध्यक्ष के साथ बैठकर इस विषय पर चर्चा होगी

