कांग्रेस की शराबबन्दी कागज़ों तक सीमित

कांग्रेस की शराबबन्दी कागज़ों तक सीमित

युवा नशे के दलदल में डूब रहे है, सरकार शराबबंदी के लिए बना रही है समिति ।

रायपुर, छत्तीसगढ़,दिनांक 17 अगस्त 2022। जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के मुख्य प्रवक्ता अधिवक्ता भगवानू नायक ने छत्तीसगढ़ सरकार के द्वारा शराबबंदी के नाम पर फिर से एक समिति बनाकर विभिन्न राज्यों का दौरा, अध्ययन और रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्णय पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा राज्य का युवा वर्ग नशे के दल दल में डूब रहा है और सरकार शराबबन्दी के नाम पर समिति पर समितियां बनाए जा रही है बजाय शराबबंदी के। साढ़े तीन साल के कार्यकाल में कांग्रेस सरकार शराबबंदी के लिए कोई ठोस रणनीति नहीं बना पाई। कांग्रेस का शराबबंदी सिर्फ कागज़ों तक सीमित रह गया है। उन्होंने कहा कांग्रेस ने अपने जनघोषणा पत्र में प्रमुखता से छत्तीसगढ़ की जनता से शराबबंदी का संकल्प लिया था जिसका सम्मान करते हुए छत्तीसगढ़ की जनता ने कांग्रेस को जनादेश दिया लेकिन सत्ता में आते ही कांग्रेस अपने शराबबंदी के संकल्प पर अमल नहीं करते हुए साढ़े तीन साल के कार्यकाल में सरकार ने शराबबंदी के नाम पर मात्र समिति बनाने का काम किया है और जनादेश का अवहेलना की किया। उन्होंने कहा जनता जानना चाहती है कि आखिर सरकार छत्तीसगढ़ में शराबबंदी करना चाहती है या नहीं ? उन्होंने कहा शराबखोरी राज्य के सबसे बड़ी सामाजिक समस्या है जिस का बुरा प्रभाव पूरे समाज मे पड़ रहा है और नशे की चपेट में आने से नई पीढ़ी कमजोर हो रही है । अनेक पारिवरिक विघटन और समाजिक पतन हो रहा है। जिस प्रकार भाजपा ने प्रदेश को 15 साल में नशे का गढ़ बनाया उसी के नक्शे कदम पर चलते कांग्रेस शराबबंदी के निर्णय लेने में विलंब करते हुए राज्य की जनता को जानबूझकर नशे में झोंक रही है।

अधिवक्ता भगवानू नायक
(मुख्य प्रवक्ता)
जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *