गेवरा ओपन कास्ट कोयला खदान परियोजना के क्षमता विस्तार के प्रस्ताव का किसान सभा ने हस्ताक्षर अभियान चलाकर किया विरोध
छत्तीसगढ़ किसान सभा
ने कोल माइनिंग केंद्रीय पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय नई दिल्ली के द्वारा 2 सितंबर 2021 को एस ई सी एल की गेवरा ओपन कास्ट कोयला खदान परियोजना के क्षमता विस्तार के लिए 49 MTPA से 70 MTPA होने वाली बैठक में आपत्ति दर्ज करने एवं प्रस्ताव को निरस्त करने का मांग को लेकर गांव गांव में हस्ताक्षर अभियान चलाया तथा हस्ताक्षर अभियान की कॉपी को मेल द्वारा गुरुराज पी कुन्दर्गी चेयरमैन ईएसी(कोल माइनिंग) केंद्रीय पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय नई दिल्ली को भेजा गया ।
किसान सभा के जिलाध्यक्ष जवाहर सिंह कंवर, दीपक साहू के नेतृत्व में हस्ताक्षर अभियान चलाया गया जिसमें बड़ी संख्या में प्रभावित गांव के किसानों ने विस्तार के प्रस्ताव को निरस्त करने के लिए हस्ताक्षर अभियान में शामिल हुए
कोरबा जिला पहले से ही प्रदूषण से ग्रसित है और देश के प्रमुख प्रदूषित शहरों में शामिल है। जिले के लोगो के स्वस्थ पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ रहा है। उत्पादन के विस्तार से जिला और जाएदा प्रदूषित होगा जिले में आम जनता कई गंभीर बीमारियों के शिकार हो रहे है और एसईसीएल स्वास्थ्य शिविरों और विस्थापित परिवारों को इलाज की कोई सुविधा भी नहीं देती है कोल उत्पादन से मिलने वाले डीएमएफ फंड जो प्राथमिकता से प्रभावित क्षेत्र के लिए होना है उसे भी अन्य क्षेत्र में किया जाता है जिससे प्रभावितों को कोई लाभ नहीं होता इसलिए गेवरा खदान के विस्तार प्रस्ताव को निरस्त किया जाए। प्रमुख रूप से हस्ताक्षर अभियान में रामायण सिंह कंवर,किसन जायसवाल, जनपद सदस्य दुर्गा प्रसाद पाटले, सुराज सिंह,पूना राम पटेल, जय कौशिक, संजय यादव आदि शामिल हुए
जवाहर सिंह कंवर
जिलाध्यक्ष
छत्तीसगढ़ किसान सभा

