धमतरी। जिले के डाभा जोरातराई रेत खदान में जिला पंचायत सदस्य व उनके साथियों पर जानलेवा कर हमला और लूटपाट की घटना को अंजाम देने वाले रेत माफिया के गुंडों को कोर्ट ने झटका दिया है। पंजाब, हरियाणा, उत्तरप्रदेश और मध्यप्रदेश राज्यों के सभी नौ आरोपियों की जमानत अर्जी को विशेष सत्र न्यायाधीश ने खारिज कर दिया है। गौरतलब है कि 18 जून की रात अवैध रेत निकासी रोकने गए जिला पंचायत सदस्य खूबलाल ध्रुव और उनके साथियों पर रेत माफिया ने अपने गुर्गों के साथ मिलकर जानलेवा हमला किया था। वहीं उन्हें निर्वस्त्र कर आपत्तिजनक फोटो, वीडियो बनाने के साथ ही लूटपाट की घटना को भी अंजाम दिया गया था। इस मामले में हरियाणा के एक भूतपूर्व सैनिक और बस्तर के फरसगांव पार्षद समेत पंजाब, उत्तरप्रदेश और मध्यप्रदेश के कुल नौ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पकड़े गए आरोपियों द्वारा जमानत के लिए विशेष सत्र न्यायाधीश एससी एसटी एक्ट धमतरी सुधीर कुमार के समक्ष अर्जी दाखिल किया गया था। इसकी सुनवाई के दौरान आज अभियुक्त के अधिवक्ता ने अपना पक्ष रखते हुए अभियुक्तों को जमानत पर रिहा करने निवेदन किया। पीड़ित जिला पंचायत सदस्य खूबलाल ध्रुव की अधिवक्ता पार्वती वाधवानी ने इस पर आपत्ति जताते हुए कहा कि प्रार्थी लोगों के साथ 50 से अधिक लोगों ने मिलकर मारपीट कर प्राणघातक हमला भी किया था । साथ ही गड्ढा खोदकर कर उन्हें दफनाने की कोशिश भी की गई थीं । प्रकरण की सभी बातों को सुनने के बाद विशेष सत्र न्यायाधीश ने अपराध को गंभीर को देखते हुए सभी अभियुक्तों की जमानत को ख़ारिज कर दिया। घटना का मुख्य अभियुक्त नागु चंद्राकर आज भी पुलिस गिरफ्त से बहार है। न्यायाधीश ने नागु चंद्राकर के अग्रिम जमानत याचिका को भी खारिज कर दिया है।
रेत माफिया को कोर्ट से लगा झटका, विशेष सत्र न्यायाधीश ने खारिज की आरोपियों की जमानत अर्जी

