किसी भी प्रदेश के मुखिया का यह प्रथम कर्तव्य है कि वह अपने नागरिकों के जीवन की रक्षा के लिए हर संभव प्रयास करें उनकी शिक्षा स्वास्थ्य भोजन पानी आवास की व्यवस्था करे, किसी भी आपदा या महामारी की स्थिति में अपने राजकीय खजाने से जनता की हर जरूरत पूरा करने का प्रयास कर एक अच्छे शासक होने का प्रमाण दे,।परंतु वर्तमान में जब मुखिया ही शराब दुकान खोलने का आदेश देते हुए कोरोना महामारी को आमंत्रित करने व जनता के जीवन को जोखिम में डालने का काम केवल अपने राजकीय कोष को बढ़ाने के लिए कर रही हो तो ऐसे में हर नागरिक का कर्तव्य है की इस निर्णय का खुल कर विरोध करे ।
अज़ीम खान मीडिया प्रभारी आम आदमी पार्टी छत्तीसगढ़ ने आगे कहा कि शासन ने स्कूल ,कॉलेज, धर्मस्थल पवित्र माह रमजान में मस्जिदों के दरवाजे तो नही खोले किन्तु शराब दुकानों के दरवाजे खोल कर लगभग 2 माह से कोरोना की इस महामारी की लड़ाई को कमजोर जरूर कर दिया है । प्रदेश के मुखिया को चाहिए कि शराब दुकान खोलने के निर्णय पर पुनर्विचार कर अपने किये वायदे को याद रखते हुए शराब दुकान बन्द करने का आदेश जारी करे ।
जबतक शराब बन्द थी तो देखने और महसूस करने को मिला कि रास्तो पर,बस्तियों मे और न किसी परिवार में शराब पीकर हुड़दंग या मारपीट की कोई सूचना आई हो न ही नशे के कारण कहि दुर्घटना या अप्रिय घटना जैसे मामले दिखाई सुनाई दिए । शराब दुकान खुलते ही यह सब मामले देखने सुनने को फिर से मिलने लगें ।नशे के कारण घर की महिलाएं फिर से अपने को असुरक्षित महसूस करने लगी और साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग , मुँह में मास्क पहनने की बाते तो दूर सड़को में गलियों में शराब पीकर बेहोश लोग जरूर दिखने लगें । ऐसे में मुख्यमंत्री बताएँ की हम कोरोना की लड़ाई कैसे लड़ेंगे ? स्कूल और धर्मस्थल के दरवाजे खोलने की जगह शराब दुकानों के दरवाजे क्यों खोले जा रहे हैं ?? खुलने से पहले इतने विरोध के बावजूद आबकारी मन्त्री कवासी लखमा से किसी ने शराब दुकान खोलने की माँग की है तो बताएँ सार्वजनिक करें ?? लेकिन शराब दुकान को बन्द करने की माँग जरूर उठी है जिसे दरकिनार कर शराब दुकान खोल दी गई है। कोरोना वायरस से जारी जंग में शराब से हिम्युनिटी कम होने की चेतावनी के बावजूद सरकार का शराब दुकान खोलने का निर्णय आश्चर्यजनक है ।
अज़ीम खान मीडिया प्रभारी आम आदमी पार्टी ने आज से ही शराब दुकान को पुनः बंद करने की सरकार से माँग की है व कहा ये समाज व जनहित के लिए आवश्यक है ।अज़ीम खान ने सरकार से चंद सवाल भी किये । लोगो के धंधे पानी की व्यवस्था करने की बजाए सरकार ने क्यों शराब की दुकान खोली ?? क्या शराब की बिक्री इतनी जरूरी थी कि सरकार लॉक डाउन 3 के पूरे होने का भी इंतेजर नही कर सकी ?? लोगो ने अपनी आस्था व मंदिर मस्जिद का त्याग किया इतने दिनों से क्या वो सब का भी ख्याल नही रहा ?? साथ ही कहा कि इसके पहले भी आम आदमी पार्टी समय समय पर शराब बंदी को लेकर आंदोलन कर चुकी है यदि इस सुअवसर पर भी सरकार इसे बन्द नही करेगी तो आम आदमी पार्टी लॉक डाउन के बाद इस आंदोलन को तेज करेगी व पूरे प्रदेश में विरोध करेगी ।।
सरकार तत्काल निर्णय ले शराब बन्दी का और अपना वादा निभाये – अज़ीम खान आप पार्टी

