Afroj khwaja:-वन विभाग के तार फेंसिग को तोड़ कर कर रहे थे अवैध उत्खनन


खनिज माफियाओ को शासन प्रशासन से कोई खोफ नही।

⚡ वन विभाग द्वारा रोपित पौधे को क्षति पहुचाते हुए मुरुम खनन पर आज रात्रि तड़के 1 बजे वन विभाग का दबिश।
⚡मामला विधानसभा आरंग के अन्तर्गर्त ग्राम नकटा में वन विभाग द्वारा रोपित किये गए हरे भरे पौधे को बाउण्ड्री वाल को तोड़ कर पौधे को क्षति ग्रस्त कर खनन माफियाओं द्वारा मुरुम का अवैध खनन किया जा रहा था , वन विभाग का अमला आज रात्रि तड़के 1:00 बजे वन परिक्षेत्र में रोपित पौधे के सीमा के अंदर बाउंड्री वाल को तोड़कर अवैध खनन करते हुए , मौके स्थल से तीन जेसीबी मशीन छह ट्रक हाईवा को रंगे हाथ पकडा गया ।
बौखलाहट में माफ़ियागन पहुच कर शासकीय कर्मचारियों को धमका रहे थे , कार्यवाही में बाधा डाल रहे थे, जिसमे से लोगों को हिरासत में लेकर पुलिस पुलिस थाना मंदिर हसौद में सुपुर्द किया गया , जो जानकारी अनुसार दोपहर तक थाने से छूटे नही थे,लाजमी है की माफियाओं को राजनीतिक संरक्षण मिलने से आस पास में अवैध खनन के नाम पर काफी अशांति फैला रखी थी, राजनीतिक संरक्षण मिलने से खनिज अमला भी कार्रवाई करने में कतराते नजर आ रहे हैं ,लेकिन विधानसभा आरंग में मुरम के अवैध उत्खनन रेत के अवैध उत्खनन गिट्टी के अवैध उत्खनन राजनीतिक संरक्षण के कारण काफी फल फूल रहे है। ज्यादा ही संरक्षण मिलने से शासन प्रशासन का ख़ौफ़ अब खनन माफियाओं में नही दिख रही है , जिसके चलते शासकीय जंगल को भी खोदने में डर नही है ।
आज की कार्यवाही से जन मानस में प्रशासन के प्रति सकारात्मक सोच दिख रही है वन विभाग की सतर्कता से बड़ी कार्यवाही को अंजाम दिया गया है बहर हाल देखना है कि वन विभाग द्वारा रोपित हरे भरे पौधों को क्षतिग्रस्त करने वाले खनिज माफियाओं के विरुद्ध खनिज विभाग एवं वन विभाग द्वारा क्या कार्यवाही करती है , अथवा राजनीतिक प्रेशर में कार्यवाही शिथिलता प्रदान करती है आने वाली समय तय करेगा

क्या कहता है नियम
पकड़ी गयी लोड गाड़िया अपने भार छमता से अधिक परिवहन कर रही थीं नियमानुसार खनिज विभाग द्वारा कार्यवाही के बाद परिवहन विभाग को प्रेसित करना होता है जिससे शासन को अतिरिक्त राजस्व का लाभ होता है

विभाग द्वारा

अगर कार्यवाही के दौरा गाड़ी मे लोड माल की मात्रा 10 घन मीटर दरस्या गया होगा तो परिवहन विभाग की कार्यवाही से बच सकते है अन्यथा देना अनिवार्य है?


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