
इस माह की शुरुआत में ईरान में यूक्रेन के एक विमान को मार गिराया गया था, जिसमें 176 लोग मारे गए थे। अमेरिका और ईरान के बीच भीषण तनाव के मध्य हुई इस घटना में ईरान अपना हाथ होने से लगातार इनकार करता रहा लेकिन बाद में ईरान ने स्वीकार किया था कि उसने गलती से गिराया है।
ईरान ने जिस विमान को गिराया उसमें सबसे ज्यादा ईरान के ही नागरिक मौजूद थे। इस हादसे में ईरान के 82 और कनाडा के 63 नागरिक थे। 8 जनवरी को यह विमान यूक्रेन की राजधानी कीव जा रहा था। इसमें ईरान और कनाडा के अलावा यूक्रेन के 11, स्वीडन के 10, अफगानिस्तान के चार जबकि जर्मनी और ब्रिटेन के तीन-तीन नागरिक सवार थे।
पहले तो ईरान ने विमान को मार गिराने की आशंका को सिरे से खारिज कर दिया। शुरुआत में उसने विमान हादसे का कारण तकनीकी खामी बताया था, लेकिन बाद में उसने भूल स्वीकार की। ईरान प्रशासन ने बयान जारी कर कहा कि यूक्रेन का विमान मानवीय भूल के कारण निशाने पर आ गया। यूक्रेन इंटरनैशनल के विमान बोइंग 737-800 टेक ऑफ के कुछ मिनट बाद भी क्रैश हो गया था।
Source: International

